कछौना में CBI का 'सुपरफास्ट' एक्शन: बैंक के गलियारों में मचा हड़कंप!
31 Mar 2026

कछौना में CBI का 'सुपरफास्ट' एक्शन: बैंक के गलियारों में मचा हड़कंप!
कछौना में CBI का 'सुपरफास्ट' एक्शन: बैंक के गलियारों में मचा हड़कंप! हरदोई।कछौना में बैंक ऑफ बड़ौदा की शाखा इन दिनों बैंकिंग के लिए नहीं, बल्कि CBI की 'सर्जिकल स्ट्राइक' के लिए चर्चा में है। लखनऊ से आई CBI की जांबाज टीम ने बैंक में घुसकर फाइलों का जो पुलिंदा खोला, उसे देखकर बड़े-बड़ों के पसीने छूट गए! रिश्वत के 'दलदल' में फँसे मैनेजर साहब! कहानी शुरू होती है एक घूसकांड से। कुछ दिन पहले ही बैंक के मैनेजर और उनके खासमखास बीसी संचालक सुरेश कुमार चौधरी को रिश्वत की गड्डियों के साथ धर दबोचा गया था। अब CBI यह पता लगाने आई है कि इस 'भ्रष्टाचार के खेल' में और कितने खिलाड़ी पर्दे के पीछे छिपे हैं। शेरनी की तरह डटी रही शिकायतकर्ता! इस पूरी 'थ्रिलर' फिल्म की असली हीरोइन हैं सीमा देवी। गाँव कमोलिया की इस महिला ने जब ठान लिया कि भ्रष्टाचार को जड़ से मिटाना है, तो सीधे लखनऊ CBI के दरवाजे खटखटा दिए। चौंकाने वाली बात तो यह थी कि जब बैंक में रेड पड़ रही थी, तो सीमा देवी खुद CBI की 'परछाई' बनकर वहाँ मौजूद थीं, मानो कह रही हों— "अब बचकर कहाँ जाओगे?" कार्यकारी मैनेजर साहब के छूटे पसीने,इंस्पेक्टर ने साधी 'चुप्पी'! इंचार्ज मैनेजर वैभव को CBI के तीखे सवालों का सामना करना पड़ा। एक तरफ कागजों की चीर-फाड़ हो रही थी, तो दूसरी तरफ मैनेजर साहब सफाई देने में जुटे थे।जब लोकल मीडिया ने इस 'गरमा-गरम' खबर की तह तक जाने की कोशिश की, तो CBI इंस्पेक्टर ने ऐसी दूरी बनाई जैसे फिल्म के हीरो विलेन से भागते हैं! कैमरे देखते ही साहब ने 'नो कमेंट्स' वाला बोर्ड लगा दिया।क्या इस जांच में किसी बड़े 'सफेदपोश' का नाम सामने आएगा? या फिर फाइलों के नीचे ही दबकर रह जाएगा यह मामल