गीत-ग़ज़ल और शायरी से सजी महफ़िल, नवरात्रि और ईद पर अनूठा कवि सम्मेलन
25 Mar 2026

गीत-ग़ज़ल और शायरी से सजी महफ़िल, नवरात्रि और ईद पर अनूठा कवि सम्मेलन
नवरात्रि पर्व एवं ईद पर हुआ कवि सम्मेलन। मां चामुण्डा के आंचल में साहित्य साधना मंच, राष्ट्रीय कलचुरि कवि परिषद, भारत, एवं जी डी फाउंडेशन लखनऊ के तत्वावधान में कवि सम्मेलन रात 2.30 बजे तक चला जो शानदार रहा। कवि सम्मेलन के आयोजक मकसूद शाह और संयोजक सुरेश जायसवाल सीहोर ने बताया कि डॉ अनीस खान एवं डॉ इकबाल मोदी के कुशल मार्गदर्शन में इस कार्यक्रम में कवियों ने नव रात्रि ओर ईद मिलन इस कवि सम्मेलन में अपनी बेहतरीन गीत ग़ज़ल और शायरी से यादगार शमां बंधी। जिसकी अध्यक्षता शाबिर पठान ने की मुख्य अतिथि के रूप में साहित्य साधना मंच सीहोर के संस्थापक -सुरेश जायसवाल थे। विशिष्ट अतिथि के रूप में राष्ट्रीय कलचुरि कवि परिषद भारत के राष्ट्रीय अध्यक्ष वृंदावन राय सरल सागर एवं ग़ज़लकार कमलेश शर्मा कमल रहे। सर्व प्रथम मां सरस्वती की पूजन अर्चना कर दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम शुभारम्भ किया। सरस्वती वंदना गीतकार सुरेश श्रीवास्तव और नाथ अमित आठिया ने प्रस्तुत कर कार्यक्रम का आगाज किया। कार्यक्रम के आयोजक मकसूद शाह ने अतिथियों का स्वागत किया। कमलेश शर्मा कमल ने ईद है आई नव रात्रि में ग़ज़ल सुनाकर साम्प्रदायिक सौहार्द कि मिशाल पेश की। बुंदेली गीतकार डॉ के के नेमा ने शानदार गीत सुनाकर कार्यक्रम को ऊंचाई पर पहुंचाया। अकबर देवासी ने शानदार ग़ज़ल सुनाकर साम्प्रदायिक एकता को सुंदर ढंग से प्रस्तुति देकर तालियां बजाने पर मजबूर किया। सागर से पधारे ग़ज़लकार पी आर मलैया ने सुंदर रचना सुनाकर कार्यक्रम को बांधा कांटाफोड़ के वरिष्ठ कवि सुंदर लाल जायसवाल ने मार्मिक गीत से महफ़िल में जोश भर दिया। स्थानीय कवि राधेश्याम पांचाल ,अम्बा राम ,नवगोत्री, विजय जोशी ने भी बहुत सुंदर गीतो की झंढी लगाकर तालियां बटोरी।हरदा से आई कवयित्री डॉ ज्योति जलज ओर कालापीपल आई डॉ साक्षी जैन ,ओज कवयित्री आरती गोस्वामी देवास ने बहुत सुंदर श्रृंगार रस सुनाकर वाह वाही बटोरी। सीहोर के कवि गोबिंद लोवानिया एवं सुरेश श्रीवास्तव ने गीत सुनाकर श्रोताओं को मंत्रमुग्ध किया। सागर से पधारे वरिष्ठ ग़ज़लकार वृंदावन राय सरल ने जबरदस्त शायरी सुनाकर कार्यक्रम को ऊंचाई तक पहुंचाया। कार्यक्रम आयोजक मकसूद शाह ने जानदार ग़ज़ल प्रस्तुत की। संयोजक सुरेश जायसवाल सीहोर ने "हमें भी करो गुनाहगारों की महफ़िलों में शामिल,मार कर हुए क़ातिलो में शामिल।।" ग़ज़ल सुनाकर वाह वाही बटोरी । इस शानदार एवं जानदार कवि सम्मेलन का कुशल एवं अद्भुत संचालन पिपरिया से पधारे ओज कवि राजेश जायसवाल रुद्राक्ष ने किया। आभार साबिर पठान ने किया।