शहिद अग्निवीर धीरज गुप्ता कश्मीर में शहीद:भदोही के औराई चौराहे पर पार्थिव शरीर पहुंचा
21 Feb 2026

शहिद अग्निवीर धीरज गुप्ता कश्मीर में शहीद:भदोही के औराई चौराहे पर पार्थिव शरीर पहुंचा
भदोही औराई शहिद अग्निवीर धीरज गुप्ता कश्मीर में शहीद:भदोही के औराई चौराहे पर पार्थिव शरीर पहुंचा, 'भारत माता की जय' से गूंजा औराई चौराहे पर शहीद अग्निवीर धीरज गुप्ता का पार्थिव शरीर पहुंचते ही भारी संख्या में लोग उमड़ पड़े। 'वंदे मातरम' और 'भारत माता की जय' के नारों से पूरा चौराहा गूंज उठा। धीरज गुप्ता भारतीय सेना में अग्निवीर के रूप में शामिल हुए थे। वह कश्मीर में आतंकवादियों के साथ हुई मुठभेड़ में देश की रक्षा करते हुए गोली लगने से शहीद हो गए। धीरज गुप्ता औराई के जेठूपुर गांव के निवासी थे। अप्रैल महीने में उनकी शादी तय हुई थी। उनके परिवार में इस घटना के बाद मातम पसरा हुआ है। भदोही सांसद डॉक्टर विनोद बिंद ने शहीद को अर्पित किया पुष्पचक्र जिलाधिकारी शैलेश कुमार और पुलिस अधीक्षक ने भी शहीद जवान को किया नमन जम्मू कश्मीर के नगरोटा में शहीद जवान धीरज कुमार गुप्ता का पार्थिव शरीर पूरे सैनिक सम्मान के साथ शनिवार को सेना के वाहन से घर लाया गया। इस दौरान लाखों की संख्या में जवान को अंतिम विदाई देने के लिए सैलाब उमड़ पड़ा। पूरा आसमान अमर शहीद धीरज गुप्ता जिंदाबाद के जयघोष से गूंज उठा। उत्तर प्रदेश के भदोही जिले के अग्निवीर धीरज कुमार गुप्ता (26) औराई के जेटुपुर गांव के निवासी रहे। 2023 में अग्निवीर के तहत उनकी नियुक्ति हुईं थी। 19 फरवरी बुधवार को जम्बू कश्मीर के नगरोटा में रात आतंकी हमले में शहीद हो गए थे। उनका पार्थिव शरीर जम्मू-कश्मीर से विशेष वाहन द्वारा लाया गया। शनिवार को भोगांव गंगा घाट पर राजकीय सम्मान के साथ उनका अंतिम संस्कार किया गया मेजर गुलाब सिंह ने भाई को दी सूचना मेजर गुलाब सिंह ने धीरज के भाई दीपक को बताया कि यह घटना बुधवार रात करीब 6 बजे हुई, जब धीरज दूसरी शिफ्ट की ड्यूटी में बटालियन के साथ नगरोटा पोस्ट पर स्नाइपर ड्यूटी पर तैनात थे। ड्यूटी खत्म होने के बाद जब सभी जवान वापस लौट रहे थे, तब धीरज दिखाई नहीं दिए। सिर में लगी गोली अधिकारियों ने तुरंत जांच-पड़ताल शुरू की, जिसके बाद पोस्ट पर धीरज का शव मिला। देखने पर पता चला कि उनके सिर में सामने से गोली मारी गई थी, जो सिर को भेदते हुए बाहर निकल गई। प्रारंभिक जांच में यह आशंका जताई जा रही है कि दुश्मन ने रात के समय स्नाइपर का इस्तेमाल कर धीरज को निशाना बनाया। दुश्मन ने इस तरह से गोली मारी कि बटालियन के अन्य जवानों को गोली की आवाज सुनाई नहीं दी और हमलावर भागने में सफल रहा। घटना की आधिकारिक जांच-पड़ताल जारी है। पिता का पहले ही निधन, मां हृदय रोग से पीड़ित धीरज गुप्ता स्वर्गीय श्याम सुंदर गुप्ता के पुत्र थे और उनकी उम्र 26 वर्ष थी। इस दुखद खबर से परिवार में मातम छा गया है। धीरज की बूढ़ी मां जय देवी, जो पिता के निधन के बाद से हृदय रोग से पीड़ित हैं, सूचना मिलते ही बेहोश हो गईं। 23 मार्च 2023 को अग्नि वीर में हुए थे शामिल धीरज 23 मार्च 2023 को अग्नि वीर में शामिल हुए थे। उन्होंने भोपाल के 3 ईएमटी सेंटर में प्रशिक्षण लिया और 9 महीने तक भोपाल बटालियन में रहे। उनकी दूसरी पोस्टिंग भटिंडा, पंजाब में हुई थी, जिसके बाद उन्हें सीधे नगरोटा, जम्मू-कश्मीर भेज दिया गया था। अप्रैल में तय थी शादी धीरज पांच बहनों और तीन भाइयों में से एक थे। 2018 में पिता की मृत्यु के बाद, उन्होंने पढ़ाई के साथ-साथ मजदूरी करके अपनी पांचों बहनों की शादी करवाई थी। उन्होंने 2024 में ड्यूटी के दौरान ही स्नातक की पढ़ाई पूरी की थी। धीरज की मां ने बताया मेरे बेटे की शादी अप्रैल में तय थी।