नेमावर में संजा लोकपर्व का उल्लास — छात्राओं ने भित्तिचित्रों में दिया प्रकृति संरक्षण का संदेश
20 Sep 2025

नेमावर में संजा लोकपर्व का उल्लास — छात्राओं ने भित्तिचित्रों में दिया प्रकृति संरक्षण का संदेश
नेमावर (जिला देवास), 19 सितंबर 2025। शासकीय सांदीपनि उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, नेमावर में शुक्रवार को पारंपरिक संजा लोकपर्व बड़े ही उत्साह और सांस्कृतिक गरिमा के साथ मनाया गया। कक्षा 6वीं से 12वीं तक की छात्राओं ने विद्यालय की दीवारों और प्रांगण को गोबर, फूलों एवं प्राकृतिक रंगों से सजाकर संजा देवी के अद्भुत भित्तिचित्र बनाए। संजा पर्व, जो मालवा-निमाड़ अंचल की सांस्कृतिक धरोहर है, पितृ पक्ष के अवसर पर विशेष रूप से मनाया जाता है। इस वर्ष आयोजन का मुख्य विषय “प्रकृति संरक्षण एवं सांस्कृतिक एकता” रखा गया। कार्यक्रम का शुभारंभ प्राचार्य ने दीप प्रज्वलन से किया। उन्होंने छात्राओं का उत्साहवर्धन करते हुए कहा— “हमारी संस्कृति हमारी पहचान है। ऐसे पर्व हमें परंपराओं से जोड़ते हैं और सामाजिक एकता का संदेश देते हैं।” इसके बाद छात्राओं ने समूह में पारंपरिक लोकगीत गाकर वातावरण को उल्लासमय बना दिया। गीत “संजा माई जीमले...” की गूंज से विद्यालय परिसर लोक रंग में रंग गया। भित्तिचित्रों में नर्मदा तट की हरियाली, वनों का संरक्षण, पशु-पक्षियों की सुरक्षा और गौ-रक्षा जैसे विषयों को सजीव रूप में प्रस्तुत किया गया। ये चित्र जहां छात्राओं की कलात्मकता को दर्शा रहे थे, वहीं प्रकृति संरक्षण का संदेश भी दे रहे थे।
नेमावर में संजा लोकपर्व का उल्लास — छात्राओं ने भित्तिचित्रों में दिया प्रकृति संरक्षण का संदेश
प्रतियोगिता परिणाम : उच्चतर माध्यमिक वर्ग : कक्षा 9वीं की चांदनी एवं सखियां प्रथम, कक्षा 12वीं की लक्ष्मी एवं सखियां द्वितीय, कक्षा 11वीं की राजमनी एवं सखियां तृतीय स्थान पर रहीं। माध्यमिक वर्ग : निकिता एवं सखियां प्रथम, पलक एवं सखियां द्वितीय तथा नंदनी एवं सखियां तृतीय स्थान पर रहीं। विद्यालय की शिक्षिका श्रीमती प्रतिभा शर्मा ने बताया कि यह आयोजन छात्राओं की रचनात्मकता को बढ़ावा देने के साथ-साथ सांदीपनि विद्यालय की शैक्षिक परियोजनाओं को भी साकार करता है। संपूर्ण आयोजन में छात्राओं का उत्साह देखने लायक था। पारंपरिक गीतों की गूंज और दीवारों पर सजे रंगीन भित्तिचित्रों ने संजा पर्व को अविस्मरणीय बना दिया।